मॉडल नए विकास की - A Poem by Me

आओ जनता तुम्हे दिखाए
मोडल नए विकास की,
जनता को है मूर्ख बनाता
मोडल एक विनाश की !


पानी नहीं अब तेल बहेगा
तालाबिकरण की पूरि तैय्यारी है,
सरकार की नैय्या तो पार लग गयी
अब जहाज़ और शिकारों की बारी है !

बनारस अब कश्मीर बनेगा
घाटों को अब पहचान मिलेगा,
किसानों को रोज़गार बढेगा
क्यूंकि तरबूज नहीं अब कमल खिलेगा !
 


खेतों में अब बिजली बनेगा
सिंचाई के लिए भी पानी मिलेगा,
हवा में भी अब धातु मिलेगा
पारा के साथ आर्सेनिक भी मिलेगा !


काले पत्थर के खनन में
देखो सरकार कैसे अंग्रेज़ बन रहे,
बिजली घर के ताप में, धुएं में, राख में,
कोयले के साथ घर और खेत जल रहे !


किसानों को अब नौकरी मिलेगी
गरीबी के साथ बिमारी मुफ्त मिलेगी,
 देखो शहर वालों विकास देखो
गाँवों जंगलों का विनाश देखो !


जमुना तो दम तोड़ चुकी थी 
 नर्मदा अब भी लड़ रही है,
गंगा भी दम तोड़ रही थी
महानदी भी रो रही है !


जल जंगल जमीं की लड़ाई में
किसान बन रहे है नक्सलाईट
नए आजादी की लहर उठी है
क्यूंकि लोकतंत्र अब है Modified!!

- देबादित्यो सिन्हा 
 

People of Chhattisgarh protesting against a coal mine. (Photo Courtesy: Sajal Kumar)






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